उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले से एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है जिसने रिश्तों पर भरोसा करने वाले हर व्यक्ति को झकझोर कर रख दिया है। जगदीशपुर थाना क्षेत्र में 75 वर्षीय हीरालाल दुबे उर्फ बदलू दुबे की हत्या के मामले में पुलिस ने जो खुलासा किया है, उसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। जिस पोते को परिवार की विरासत संभालनी थी, वही अपने दादा की मौत का कारण बन गया।
पुलिस जांच में सामने आया है कि मृतक के पोते सुशील कुमार यादव उर्फ विनय यादव (22 वर्ष) ने दो बाल अपचारियों के साथ मिलकर अपने दादा की हत्या की साजिश रची थी। संपत्ति और मुआवजे की रकम को लेकर चल रहे विवाद ने इस हद तक भयावह रूप ले लिया कि खून के रिश्ते भी लालच के आगे हार गए।
पुलिस के अनुसार वर्ष 2016-17 में हाईवे निर्माण के लिए परिवार की जमीन का अधिग्रहण किया गया था। इसके बदले परिवार को करीब 85 लाख रुपये का मुआवजा मिला था। इसी धनराशि और पैतृक संपत्ति को लेकर परिवार में लंबे समय से विवाद चल रहा था।
जांच के दौरान यह भी पता चला कि हीरालाल दुबे अपनी संपत्ति अपने भतीजे के नाम करने की तैयारी कर रहे थे। यह बात उनके पोते सुशील कुमार यादव को नागवार गुजरी। आरोप है कि इसी नाराजगी के चलते उसने अपने दो नाबालिग साथियों के साथ मिलकर हत्या की पूरी योजना बनाई।
घटना 8 जून की सुबह की है। रोज की तरह हीरालाल दुबे सुबह शौच के लिए घर से निकले थे। तभी पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन पर गोली चला दी। गोली लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद गांव में दहशत और शोक का माहौल फैल गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य, मोबाइल फोन की लोकेशन, मुखबिर की सूचना और संदिग्धों से पूछताछ के आधार पर जांच शुरू की। लगातार पड़ताल के बाद पुलिस आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही।
पुलिस ने मुख्य आरोपी सुशील कुमार यादव उर्फ विनय यादव को गिरफ्तार कर लिया है। उसके कब्जे से एक अवैध पिस्टल और कारतूस भी बरामद किए गए हैं। वहीं, हत्या में शामिल दोनों बाल अपचारियों को निगरानी में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर संपत्ति और धन का लालच इंसान को किस हद तक अंधा बना सकता है। जहां परिवार प्रेम और विश्वास का प्रतीक माना जाता है, वहीं अमेठी की यह घटना रिश्तों के टूटते मूल्यों और बढ़ते लालच की भयावह तस्वीर पेश करती है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई में जुटी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है और किसी ने सपने में भी नहीं सोचा था कि एक पोता अपने ही दादा की जान का दुश्मन बन जाएगा।