अमेठी में अखिल भारतीय ब्राह्मण परिवार सेवा संस्थान ने यूजीसी रेगुलेशन 2026 का विरोध करते हुए जिलाधिकारी कार्यालय में राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। संगठन ने इसे भेदभावपूर्ण बताते हुए तत्काल वापस लेने की मांग की।
अमेठी संवाददाता – मोहम्मद तौफीक
अमेठी। अखिल भारतीय ब्राह्मण परिवार सेवा संस्थान ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) रेगुलेशन 2026 का कड़ा विरोध दर्ज कराया है। संगठन के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर महामहिम राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन सौंपते हुए इस नियमावली को तत्काल वापस लेने की मांग की।

ज्ञापन में संगठन ने कहा कि यूजीसी रेगुलेशन 2026 धर्म, जाति और सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने वाला है। उनका आरोप है कि यह नियम अत्यंत भेदभावपूर्ण है और इससे समाज में नकारात्मक सोच को बढ़ावा मिलेगा, साथ ही इसके गंभीर राजनीतिक दुष्परिणाम भी सामने आ सकते हैं।
संगठन का कहना है कि वर्ष 2012 के बाद अब 2026 में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग अधिनियम में संशोधन कर यह अग्रगामी बिल लाया गया है, जो सामाजिक समरसता के लिए घातक सिद्ध हो सकता है। अखिल भारतीय ब्राह्मण परिवार ने इस कानून को जनभावनाओं के विपरीत बताते हुए केंद्र सरकार से इसे वापस लेने की अपील की है।

इस मौके पर अखिल भारतीय ब्राह्मण परिवार सेवा संस्थान के अमेठी जिलाध्यक्ष शिवम पांडेय ने महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि यदि इस रेगुलेशन को वापस नहीं लिया गया तो संगठन आगे भी लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध जारी रखेगा।