अमेठी में फार्मर रजिस्ट्री की खराब प्रगति पर मुख्य विकास अधिकारी सचिन कुमार सिंह ने कड़ा कदम उठाया। लक्ष्य पूरा न होने तक उप कृषि निदेशक और जिला कृषि अधिकारी का जनवरी 2026 का वेतन अवरुद्ध किया गया।
अमेठी संवाददाता – मोहम्मद तौफीक
अमेठी। भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना फार्मर रजिस्ट्री में जनपद अमेठी की अत्यंत असंतोषजनक प्रगति को गंभीरता से लेते हुए मुख्य विकास अधिकारी सचिन कुमार सिंह ने सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की है। फार्मर रजिस्ट्री के क्रियान्वयन में लक्ष्य के सापेक्ष अपेक्षित प्रगति न होने, प्रभावी अनुश्रवण के अभाव एवं फील्ड स्तर पर अभियानात्मक कार्यवाही न किए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध वेतन अवरोधन के निर्देश जारी किए गए हैं।
दिनांक 14 जनवरी 2026 को मुख्य सचिव, उत्तर प्रदेश शासन की अध्यक्षता में आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान फार्मर रजिस्ट्री में अमेठी जनपद की प्रगति प्रदेश स्तर पर अत्यंत खराब पाई गई, जिस पर मुख्य सचिव द्वारा गहरी नाराजगी व्यक्त की गई। समीक्षा में सामने आया कि जनपद में कुल 3,18,853 कृषकों के लक्ष्य के सापेक्ष मात्र 1,87,913 कृषकों का ही पंजीकरण किया जा सका है, जबकि 1,30,940 कृषकों का पंजीकरण अभी लंबित है।

मुख्य विकास अधिकारी की समीक्षा में यह स्पष्ट हुआ कि उप कृषि निदेशक एवं जिला कृषि अधिकारी स्तर से नियमित समीक्षा, प्रभावी मॉनिटरिंग और विशेष अभियान के अभाव के कारण फार्मर रजिस्ट्री की प्रगति प्रभावित हुई है, जिससे जनपद की छवि भी प्रदेश स्तर पर प्रभावित हुई है।
इन परिस्थितियों को दृष्टिगत रखते हुए मुख्य विकास अधिकारी द्वारा उप कृषि निदेशक, अमेठी एवं जिला कृषि अधिकारी, अमेठी का माह जनवरी 2026 का वेतन अग्रिम आदेशों तक अवरुद्ध किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। यह वेतन अवरोधन तब तक प्रभावी रहेगा, जब तक शेष 1,30,940 कृषकों का पंजीकरण पूर्ण कर लक्ष्य के अनुरूप संतोषजनक प्रगति सुनिश्चित नहीं कर ली जाती।

सीडीओ ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि तत्काल विशेष अभियान चलाकर फार्मर रजिस्ट्री के अवशिष्ट लक्ष्य को सर्वोच्च प्राथमिकता पर पूर्ण कराया जाए और दैनिक प्रगति रिपोर्ट नियमित रूप से प्रस्तुत की जाए। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासन की योजनाओं में किसी भी स्तर की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आवश्यक होने पर और कठोर कार्रवाई की जाएगी।