लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को अपने सरकारी आवास 5-कालिदास मार्ग, लखनऊ में सशस्त्र सेना झंडा दिवस (Armed Forces Flag Day) के अवसर पर सेना के जवानों को फ्लैग पिन लगाया और कार्यक्रम के तहत विशेष स्मारिका का विमोचन किया।
कार्यक्रम में सेना के कई वरिष्ठ अधिकारी, रक्षा मंत्रालय के प्रतिनिधि और राजकीय अधिकारी मौजूद रहे।
शहीदों और वीर सैनिकों के प्रति सम्मान का प्रतीक—सशस्त्र सेना झंडा दिवस

हर वर्ष 7 दिसंबर को मनाया जाने वाला सशस्त्र सेना झंडा दिवस, देश के सैनिकों, पूर्व सैनिकों और शहीदों के परिवारों के प्रति सम्मान प्रदर्शित करने का दिन है। इस अवसर पर नागरिकों को फ्लैग वितरित किए जाते हैं, जिसके बदले मिलने वाले अंशदान का उपयोग सैनिकों और उनके परिजनों के कल्याण के लिए किया जाता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस दिवस के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि देश की सीमाओं की सुरक्षा करने वाले सैनिकों के प्रति प्रत्येक नागरिक का ऋणी होना स्वाभाविक है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे बढ़-चढ़कर इस दिवस पर योगदान दें ताकि शहीदों के परिवारों व पूर्व सैनिकों के लिए चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाएं और मजबूत हों।
कार्यक्रम की शुरुआत फ्लैग पिन लगाने से

कार्यक्रम की शुरुआत सेना द्वारा लाए गए विशेष फ्लैग पिन को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पहनाकर की गई। मुख्यमंत्री ने भी उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों तथा अतिथियों को फ्लैग पिन लगाए और देश की सेना के प्रति गर्व व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक प्रतीक नहीं, बल्कि यह उन जवानों के प्रति सम्मान का चिन्ह है जो राष्ट्र की रक्षा में अपने प्राणों की आहुति देने में भी पीछे नहीं हटते।
स्मारिका का विमोचन

मुख्यमंत्री द्वारा सशस्त्र सेना झंडा दिवस के उपलक्ष्य में तैयार की गई स्मारिका (Souvenir) का विमोचन किया गया। इस स्मारिका में भारतीय सेना के इतिहास, वीरता गाथाओं, कल्याणकारी योजनाओं तथा सैन्य सेवाओं से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्यों का संकलन किया गया है।
कार्यक्रम में उपस्थित सैन्य अधिकारियों ने बताया कि यह स्मारिका जनता को न सिर्फ सेना के योगदान से परिचित कराएगी, बल्कि उन्हें कल्याण कोष में योगदान करने के लिए भी प्रेरित करेगी।
सेना अधिकारियों की उपस्थिति

कार्यक्रम में लखनऊ छावनी क्षेत्र से जुड़े कई वरिष्ठ सैन्य अधिकारी उपस्थित रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री को झंडा दिवस के उद्देश्य से अवगत कराया और राज्य सरकार द्वारा सैनिकों एवं पूर्व सैनिकों के लिए चलाई जा रही योजनाओं को भी सराहा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आश्वस्त किया कि प्रदेश सरकार सैनिकों के हित में कार्य करती रहेगी और उनके परिवारों के लिए किसी भी प्रकार की सहायता उपलब्ध कराई जाती रहेगी।
पूर्व सैनिक कल्याण पर सरकार का फोकस
योगी सरकार पहले से ही सैनिकों और उनके परिवारों के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं चला रही है—
- शहीद आश्रितों को आर्थिक सहायता
- पूर्व सैनिकों के लिए रोजगार अवसर
- सैनिकों के बच्चों के लिए शिक्षा सहायता
- सैनिक सम्मान समारोहों का आयोजन
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश में सर्वाधिक सैनिक देने वाले राज्यों में से एक है, ऐसे में उनकी सामाजिक व आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है।
देशभक्ति और सम्मान का संदेश
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नागरिकों से अपील की कि वे सशस्त्र सेना झंडा दिवस के अवसर पर फ्लैग अवश्य लगाएं और सैन्य कल्याण कोष में योगदान करें।
उन्होंने कहा कि यह योगदान चाहे छोटा हो या बड़ा, लेकिन यह हमारे उन सैनिकों के लिए बहुत मूल्यवान है जो देश की रक्षा के लिए सदैव तत्पर रहते हैं।