रिपोर्ट :- खुशबू मिश्रा
लखनऊ में आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के गठित सचल दल ने लुलु हाईपर मार्केट की सघन जांच की और नियमों के उल्लंघन पाए जाने पर कई खाद्य पदार्थों की बिक्री पर तत्काल रोक लगा दी। निरीक्षण में पैक्ड खाद्य पदार्थों के रखरखाव में गंभीर कमी पाई गई।
लखनऊ से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की ओर से गठित सचल दल ने बुधवार को लुलु हाईपर मार्केट का सघन निरीक्षण किया। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि यहां बिक्री के लिए रखे गए खाद्य पदार्थ मानक और सुरक्षा नियमों के अनुरूप हों।

सहायक आयुक्त (खाद्य)-द्वितीय, विजय प्रताप सिंह के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने लुलु हाइपर मार्केट का दौरा किया। इससे पहले भी इस हाइपर मार्केट की रीपैकेजिंग इकाई पर कार्रवाई की गई थी और उसे बंद कराया गया था। हाल के निरीक्षण में पाया गया कि पैक्ड खाद्य पदार्थों के रखरखाव में अभी भी कई कमियां हैं और खाद्य सुरक्षा एवं मानक (FSSAI) के नियमों का पालन नहीं किया जा रहा।
विशेष रूप से चिली पाउडर, हल्दी पाउडर, धनिया पाउडर, मखाना, सौंफ, कालीकट हलवा, बनाना चिप्स, आलू भुजिया, चिवड़ा और काजू जैसे उत्पादों में स्टोरेज और पैकिंग की शर्तों का उल्लंघन देखा गया। इसके चलते टीम ने इन सभी उत्पादों की बिक्री पर अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी।

खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि ये रोक उपभोक्ताओं की सुरक्षा के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि नियमों का पालन न होने पर ऐसे खाद्य पदार्थ स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकते हैं। अधिकारियों का कहना है कि हाइपर मार्केट की ओर से सुधारात्मक कदम उठाने तक यह रोक जारी रहेगी।
इस जांच के दौरान टीम ने देखा कि कई उत्पादों की पैकेजिंग पूरी तरह से सुरक्षित नहीं थी। पैकिंग पर लोडिंग, लेबलिंग और तारीख की जानकारी अधूरी या गलत पाई गई। ऐसे उत्पादों के उपभोक्ताओं तक पहुँचने पर स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्या उत्पन्न हो सकती थी।

खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने यह भी चेतावनी दी है कि भविष्य में ऐसे उल्लंघनों को गंभीरता से लिया जाएगा और नियमों का पालन न करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ कठोर कार्यवाई की जाएगी। साथ ही, हाइपर मार्केट को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपनी रीपैकेजिंग और स्टोरेज प्रणाली को सुधारें, ताकि आगे से किसी भी प्रकार की खाद्य सुरक्षा की समस्या न उत्पन्न हो।
इस मामले से यह स्पष्ट होता है कि सरकारी निरीक्षण और खाद्य सुरक्षा नियमों का पालन कराना उपभोक्ताओं की सेहत और सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। ऐसे कदम उपभोक्ताओं को सुरक्षित और गुणवत्ता युक्त खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने में मदद करते हैं।

उपभोक्ताओं से अपील की गई है कि वे हमेशा अपने पास मौजूद पैक्ड खाद्य पदार्थों की पैकेजिंग, लेबलिंग और सामग्री की जांच करें और किसी भी संदिग्ध उत्पाद की सूचना खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को दें। इस तरह की कार्यवाई से न केवल दुकानदार जिम्मेदार बनेंगे बल्कि उपभोक्ताओं की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।इस कार्यवाई से यह भी संदेश जाता है कि खाद्य सुरक्षा नियमों की अनदेखी करना खतरनाक हो सकता है और प्रशासन उपभोक्ताओं के हित में कोई समझौता नहीं करेगा।