राजगढ़ गोशाला में तीन दिन में 16 गायों की मौत के बाद ट्रेंचिंग ग्राउंड में दफनाने पर कांग्रेस ने विरोध जताया, जिलाध्यक्ष प्रियव्रत सिंह ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए!
राजगढ़। राजगढ़ की गोशाला में बीते तीन दिनों के भीतर 16 गायों की मौत का मामला सामने आने के बाद राजनीतिक घमासान तेज हो गया है! मृत गायों को ट्रेंचिंग ग्राउंड में दफनाए जाने को लेकर कांग्रेस ने कड़ा विरोध जताया है!
कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रियव्रत सिंह ने गोशाला और ट्रेंचिंग ग्राउंड का निरीक्षण करते हुए कहा कि यह पूरा मामला गोशाला प्रबंधन और प्रशासन की घोर लापरवाही को उजागर करता है! उन्होंने बताया कि एक ही गोशाला से आठ गायों के शव मिले हैं, जबकि इससे पहले दो और उससे एक दिन पहले छह गायों की मौत हो चुकी थी!

प्रियव्रत सिंह ने तहसीलदार और सीएमओ पर नाराजगी जताते हुए कहा कि गोशाला में लगातार गायों की मौत हो रही है और प्रशासन आंखें मूंदे बैठा है! उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे ट्रेंचिंग ग्राउंड में सैकड़ों गायें कचरा और प्लास्टिक खा रही हैं, जो मौत का बड़ा कारण बन रहा है!
उन्होंने सवाल उठाया कि क्या कभी संकट मोचन या मां जालपा गोशाला का निरीक्षण किया गया है और जब दरोगा रिपोर्ट दे रहा है, तो प्रशासन स्तर पर कोई ठोस कार्यवाई क्यों नहीं हो रही है! प्रियव्रत सिंह ने कहा कि इतने बड़े पैमाने पर गोवंश की मौत बेहद गंभीर विषय है और इस मामले में थाने व तहसील में शिकायत दर्ज कराई जाएगी!
कांग्रेस के पदाधिकारियों ने कहा कि एक ओर धार्मिक आयोजन हो रहे हैं, वहीं दूसरी ओर निराश्रित गायें गोशाला में दम तोड़ रही हैं! इस पर प्रियव्रत सिंह ने कहा कि सबसे बड़ा धर्म गोवंश का संरक्षण है और गोशाला में गायों की मौत किसी भी सभ्य समाज के लिए शर्मनाक है!
निरीक्षण के दौरान ट्रेंचिंग ग्राउंड में पन्नियों और कचरे का ढेर दिखाई दिया, जिसे गायें खाते हुए नजर आईं! कांग्रेस नेताओं ने इसे प्रशासनिक लापरवाही का जीवंत उदाहरण बताया और निष्पक्ष जांच, गोशाला प्रबंधन पर सख्त कार्यवाई तथा निराश्रित गोवंश के संरक्षण के लिए ठोस व्यवस्था की मांग की!
राजगढ़ से न्यूज़ टाइम नेशन के लिए जावेद उल्लाह की रिपोर्ट!