रामपुर में पाकिस्तानी नागरिकता छिपाकर बेसिक शिक्षा विभाग में सरकारी शिक्षिका बनी महिला के खिलाफ एफआईआर दर्ज! फर्जी निवास प्रमाण पत्र और धोखाधड़ी का आरोप!
रामपुर में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां पाकिस्तानी नागरिकता छिपाकर एक महिला वर्षों तक सरकारी शिक्षिका बनी रही!
जानकारी के अनुसार वर्ष 1979 में पाकिस्तानी व्यक्ति से शादी के बाद महिला पाकिस्तानी नागरिक बन गई थी! तलाक के बाद वह माहिरा से फरजाना बनकर पाकिस्तानी पासपोर्ट पर भारत लौटी!
वर्ष 1985 में रामपुर में दूसरी शादी करने के बाद उसने अपनी पुरानी भारतीय नागरिकता का इस्तेमाल करते हुए बेसिक शिक्षा विभाग में शिक्षिका की नौकरी हासिल कर ली!
महिला की शिक्षा और बीटीसी प्रशिक्षण भी पूर्व में रामपुर से ही हुआ था, और वर्ष 1991 में तत्कालीन जिला अधिकारी द्वारा निवास प्रमाण पत्र भी जारी किया गया था!

इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर वह लंबे समय तक सरकारी सेवा में बनी रही! जब पाकिस्तानी नागरिकता का खुलासा हुआ तो शिक्षा विभाग ने पहले निलंबन और बाद में बर्खास्तगी की कार्रवाई की!
अब बेसिक शिक्षा विभाग की रिपोर्ट पर थाना अजीम नगर में माहिरा उर्फ फरजाना के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर ली गई है!
अपर पुलिस अधीक्षक रामपुर अनुराग सिंह ने बताया कि आरोपी शिक्षिका के खिलाफ बीएनएस की धारा 318(4), 336, 338 और 340 के अंतर्गत धोखाधड़ी व कूट रचना का मुकदमा दर्ज किया गया है!
उन्होंने बताया कि आरोपी पर फर्जी निवास प्रमाण पत्र के जरिए सरकारी नौकरी हासिल करने का आरोप है और मामले की विवेचना जारी है!
गिरफ्तारी को लेकर पूछे गए सवाल पर एएसपी ने कहा कि विभागीय जांच के साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्यवाई की जाएगी!
रामपुर से न्यूज़ टाइम नेशन के लिए शाहबाज़ खान की रिपोर्ट!