मेरठ का बहुचर्चित सौरभ हत्याकांड, जिसे लोग “नीले ड्रम हत्याकांड” के नाम से भी जानते हैं, एक बार फिर सुर्खियों में है। मंगलवार को इस मामले के मुख्य आरोपी मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल को भारी पुलिस सुरक्षा के बीच अदालत में पेश किया गया। कोर्ट परिसर में दोनों आरोपियों को देखने के लिए लोगों और वकीलों की भीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी रही।
यह मामला मेरठ ही नहीं, बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश में लंबे समय से चर्चा का विषय बना हुआ है। सौरभ हत्याकांड ने लोगों को इसलिए भी झकझोर दिया क्योंकि हत्या के बाद शव को नीले रंग के ड्रम में छिपाने की बात सामने आई थी। अब इस मामले में अदालत की कार्यवाही तेज हो गई है और धारा 313 के तहत आरोपियों से सीधे सवाल-जवाब शुरू हो चुके हैं।
मंगलवार सुबह सबसे पहले आरोपी साहिल को जेल से कोर्ट में लाया गया। साहिल सफेद टी-शर्ट और कैप पहने हुए था और मीडिया कैमरों से बचने की कोशिश करता नजर आया। इसके कुछ देर बाद मुख्य आरोपी मुस्कान को भी कोर्ट में पेश किया गया। मुस्कान अपने साथ अपनी 6 महीने की बच्ची को लेकर पहुंची थी। बच्ची को गोद में लिए कोर्ट पहुंची मुस्कान को देखकर वहां मौजूद लोग भी भावुक नजर आए।
जानकारी के मुताबिक अदालत में धारा 313 के तहत कार्यवाही की गई। यह वह प्रक्रिया होती है जिसमें न्यायाधीश सीधे आरोपियों से सवाल पूछते हैं और उनका पक्ष जानने की कोशिश करते हैं। बताया जा रहा है कि जज ने आरोपी साहिल से करीब 20 मिनट तक सवाल-जवाब किए, जबकि मुस्कान से लगभग 15 मिनट तक पूछताछ हुई। दोनों आरोपी करीब 46 मिनट तक कोर्ट के अंदर मौजूद रहे।
सूत्रों के अनुसार, कोर्ट में पेशी से पहले दोनों आरोपी करीब 15 मिनट तक पुलिस जीप में साथ बैठे रहे। जैसे ही पुलिस दोनों को लेकर कोर्ट परिसर पहुंची, वहां मौजूद कुछ वकीलों ने आरोपियों के करीब पहुंचने की कोशिश की। हालांकि पुलिस ने तुरंत स्थिति संभाल ली और दोनों को सुरक्षित तरीके से कोर्ट रूम तक पहुंचाया।
इस मामले में लगातार हो रही सुनवाई पर पूरे प्रदेश की नजर बनी हुई है। पहले यह कार्यवाही 15 अप्रैल को प्रस्तावित थी, फिर तारीख बदलकर 18 अप्रैल की गई, लेकिन आखिरकार अब सुनवाई शुरू हो चुकी है। अदालत में चल रही यह प्रक्रिया इस मामले के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि इसी के बाद आगे की कानूनी दिशा तय होगी।
मेरठ के इस चर्चित हत्याकांड ने समाज में कई सवाल खड़े किए हैं। हत्या, रिश्तों में विश्वासघात और उसके बाद शव को छिपाने जैसी घटनाओं ने लोगों को हैरान कर दिया था। अब हर कोई यह जानना चाहता है कि आखिर अदालत का फैसला क्या होगा और क्या सौरभ को न्याय मिल पाएगा।
फिलहाल पुलिस और प्रशासन पूरे मामले को संवेदनशील मानते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दे रहे हैं। वहीं पीड़ित परिवार और आम लोग अदालत के अंतिम फैसले का इंतजार कर रहे हैं। आने वाले दिनों में इस केस की अगली सुनवाई पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।